
फिल्म लाइन छोड दी बीड़ी नहीं छोड़ी। ऐसा था एक कलाकार कुछ बुरी आदतें आदमी को कहां से कहां पहुंचा देती है। पद्मम सिंह पारस निर्माता निर्देशक

लखनऊ उत्तरप्रदेश से राजेश कुमार यादव की खास रिपोर्ट
कुछ लोग अपनी बुरी आदतों के बजह से अपना कैरियर बर्वाद कर लेंगे। पर अपनी बुरी आदत नहीं छोड़ेगे। अगर अच्छा कलाकार बनना है तो बुरी आदतों को छोड़ना ही होगा नहीं तो फिल्म लाइन ही छूट जाएगी।
जिला आगरा के छोटे से शहर एत्मादपुर से एक नया कलाकार जो मेरे पिताजी की ननिहाल से दूर रिस्ते में मेरे पिताजी के मामा का लड़का मेरा रिस्ते चाचा मेरे पास एक्टिंग करने के लिए आया । जब उसे पता चला कि में फिल्मों में काम कर रहा हूँ। मेरी सभी रिस्तेदारों को पता चल चुका था कि में फिल्म और सीरियल में अभिनय करता हूं । तो वो मेरे पास आया और फिल्मों में काम करने के लिए बोला मैने समझाया आसान नहीं है एक्टर बनना । हां थोड़ा मुश्किल है। अगर आदमी ठान ले मन में कि काम करना है। पीछे नहीं हटना तो एक दिन कामयाब् जरूर होगा। जब मैने उन्हे बताया कि एक्टिंग खाली डायलॉग बोलना ही नहीं है। उसे सीखने और समझने की जरूरत है।तो वो तैयार हो गये। मेरे पिताजी ने बताया था कि फालतू आदमी को भगाना हो तो उससे पैसे मांगो।अगर बो टाइमपास होगा तो पैसे के नाम से भाग खड़ा होगा। वही बात मुझे याद आई। पहले तो रिस्तेदारी और रिस्ते को भुलाकर गुरु मानना होगा। हमारा रिस्ता सिर्फ घर पर है।ऑफिस में सिर्फ गुरु और शिष्य का रिस्ता है।अगर कुछ मुझसे सीखना है तो। मैने बताया मुझे भी अच्छा कलाकार बनने के सीखना पड़ा है। और फीस भी देनी पड़ी है। उन्हे एक्टर बनने कि लगन थी सो तैयार हो गये ।और ट्रेनिंग की शुरुआत हुई ।मुझे पता चला कि वह हर आधा घंटे में धूम्रपान करते थे। मैने जब देखा कि ये तो बड़ी गलत आदत है । उन्हें बीड़ी का पीने की आदत थी।तो मैने उनको समझाया की आप बीड़ी क्यों पीते हो। बो बोले आदत हो गई अगर में बीड़ी ना पियूँ तो मेरे पेट में दर्द शुरु हो जाता है। मैने देखा बीड़ी पीने के बजह से उनके होट काले पड चुके थे। और दांत भी एक दम पीले पड चके थे। मैने कहा अगर आपको अच्छा कलाकार बनना है तो गलत आदतों को सुधारना होगा। अगर आप बीड़ी पीयोगे तो आपके मुँह से बदबू आएगी।कोई भी हीरोइन आपके साथ में जल्दी से काम भी नहींं करेगी।क्यों की ये गलत आदत है। येदा आदत छोड़नी होगी। बोल ये नहींं छूटेगी। मैंने बताया अगर अच्छा कलाकार बनना है तो आपको बीड़ी छोड़नी होगी। काफी समझाने के बाद भी बीड़ी पीना नहीं छोड़ा। मैने फिर बोला कि आपको फिल्मी कैरियर या बीड़ी दोनों में से एक को चुनना है तो किसे चुनोगे। वो शांत हो गये।मैने जोर देकर कहा कि अगर बीड़ी नहींं छोड सकते है तो एक्टिंग छोड़कर जाना होगा। कुछ दर बाद देखता हूँ। वह अपना शूटकेश लेकर आये और बोले में जा रहा हूँ। मैने पूछा कहाँ तो बोले अपने घर। मैने समझाया अपना कैरियर फीस सब छोड़कर जा रहे हो। तो बोले हां में बीड़ी नहीं छोड सकता सब कुछ छोड सकता हूं। में काफ़ी दुखी हुआ कि ये बंदा सब छोड सकता है पर बीड़ी नहीं। लोग खाना छोड देते है माँ बाप से बोलना छोड देते बीबी बच्चे सब कुछ छोड देते है। पर बीड़ी में ऐसा क्या है जो छोड नहीं सकते है।एक फिल्म करने के बाद फिल्म लाइन ही छोड दी पर बीड़ी नहीं छोड़ी। आप कुछ भी करलो पर जो बदलना ना चाहे तो आप बदल नहीं सकते है।

