जिला रिपोर्टर सुरेश कुमार चौधरी टीकमगढ़ 
*पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में जिलेभर में आरोपियों के औचक सत्यापन अभियान से अपराधियों में हड़कंप*
* 34 निगरानीशुदा एवं 21 पूर्व सजायाफ्ता व्यक्तियों का भौतिक सत्यापन, 19 हालिया रिहा अपराधी विशेष श्रेणी में शामिल*
*जिलेभर में समन्वित पुलिस कार्रवाई से नागरिकों में बढ़ा सुरक्षा विश्वास*
*संभावित अपराधों पर प्रारंभिक स्तर पर नियंत्रण की प्रभावी पहल*
माननीय मुख्यमंत्री श्री *मोहन यादव* एवं पुलिस महानिदेशक श्री *कैलाश मकवाना* द्वारा अपराध नियंत्रण एवं सुदृढ़ कानून व्यवस्था हेतु दिए गए निर्देशों के परिपालन में टीकमगढ़ पुलिस द्वारा अपराधियों के विरुद्ध *निरंतर, सतर्क एवं परिणामोन्मुखी कार्रवाई* की जा रही है।
पुलिस महानिरीक्षक, सागर जोन डॉ. *हिमानी खन्ना* एवं उप पुलिस महानिरीक्षक, छतरपुर रेंज श्री *विजय खत्री* के मार्गदर्शन में पुलिस अधीक्षक टीकमगढ़ श्री *मनोहर सिंह मंडलोई* के नेतृत्व में जिले में *पूर्व अपराधियों, निगरानीशुदा एवं सक्रिय अपराधियों* की गतिविधियों पर नियंत्रण हेतु *विशेष निगरानी एवं सत्यापन अभियान* संचालित किया गया।
*अभियान की कार्यवाही*
दिनांक *21 फरवरी 2026* को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक टीकमगढ़ श्री *विक्रम सिंह कुशवाहा* एवं एसडीओपी (टीकमगढ़ एवं जतारा) के पर्यवेक्षण में जिले के समस्त थाना प्रभारियों द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों में *पूर्व अपराधियों, गुंडा प्रवृत्ति के व्यक्तियों, निगरानीशुदा अपराधियों तथा हाल ही में जेल से रिहा व्यक्तियों* का औचक एवं भौतिक सत्यापन किया गया।
सत्यापन के दौरान संबंधित व्यक्तियों की *वर्तमान गतिविधियों, रहन-सहन एवं संपर्कों* की जानकारी एकत्र कर उन्हें भविष्य में किसी भी आपराधिक गतिविधि में संलिप्त न होने की *सख्त चेतावनी* दी गई।
*अभियान के ठोस परिणाम*
▪️ *38 सक्रिय अपराधियों* की पहचान कर उनकी गतिविधियों पर सीधी निगरानी स्थापित की गई।
▪️ *34 निगरानीशुदा अपराधियों* की वर्तमान स्थिति की समीक्षा कर निगरानी रजिस्टर अद्यतन किया गया।
▪️ *21 पूर्व सजायाफ्ता अपराधियों* का भौतिक सत्यापन कर पुलिस संपर्क मजबूत किया गया।
▪️ *19 हाल ही में जेल से रिहा अपराधियों* को विशेष निगरानी श्रेणी में लिया गया।
इस अभियान के परिणामस्वरूप *संभावित आपराधिक गतिविधियों पर प्रारंभिक स्तर पर नियंत्रण*, असामाजिक तत्वों में *निवारक प्रभाव* तथा आम नागरिकों में *सुरक्षा की भावना* में वृद्धि हुई है।
*मैदानी निगरानी से बढ़ी पुलिस की कार्यक्षमता*
• चिन्हित अपराधियों से प्रत्यक्ष संवाद स्थापित कर *मनोवैज्ञानिक दबाव* बनाया गया।
• जो व्यक्ति अनुपस्थित पाए गए, उनके विरुद्ध *वैधानिक प्रक्रिया* प्रारंभ की गई।
• रात्रिकालीन गश्त के दौरान संदिग्ध रूप से घूमने वाले व्यक्तियों से पूछताछ कर *संभावित घटनाओं को समय रहते निष्फल* किया गया।
*अभियान का उद्देश्य*
• अपराध की पुनरावृत्ति को रोकना
• असामाजिक तत्वों पर प्रभावी नियंत्रण
• नागरिकों में सुरक्षा एवं विश्वास की भावना सुदृढ़ करना
• कानून व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाना
*टीकमगढ़ पुलिस की जनता से अपील*
टीकमगढ़ पुलिस आम नागरिकों से अनुरोध करती है कि—
✔️ रात्रि में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें।
✔️ अपने क्षेत्र में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति अथवा गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
*सामूहिक सजगता ही सुरक्षित समाज की नींव है।*
यह विशेष निगरानी अभियान जिले में *शांति, सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था* को सुदृढ़ बनाए रखने की दिशा में एक *परिणामोन्मुखी एवं प्रभावी पहल* है। इस प्रकार के निगरानी एवं नियंत्रण अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे, ताकि अपराध की पुनरावृत्ति पर *स्थायी अंकुश* लगाया जा सके।
*पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में जिलेभर में आरोपियों के औचक सत्यापन अभियान से अपराधियों में हड़कंप*
* 34 निगरानीशुदा एवं 21 पूर्व सजायाफ्ता व्यक्तियों का भौतिक सत्यापन, 19 हालिया रिहा अपराधी विशेष श्रेणी में शामिल*
*जिलेभर में समन्वित पुलिस कार्रवाई से नागरिकों में बढ़ा सुरक्षा विश्वास*
*संभावित अपराधों पर प्रारंभिक स्तर पर नियंत्रण की प्रभावी पहल*
माननीय मुख्यमंत्री श्री *मोहन यादव* एवं पुलिस महानिदेशक श्री *कैलाश मकवाना* द्वारा अपराध नियंत्रण एवं सुदृढ़ कानून व्यवस्था हेतु दिए गए निर्देशों के परिपालन में टीकमगढ़ पुलिस द्वारा अपराधियों के विरुद्ध *निरंतर, सतर्क एवं परिणामोन्मुखी कार्रवाई* की जा रही है।
पुलिस महानिरीक्षक, सागर जोन डॉ. *
