बांदा – जनता दल (यू) की प्रदेश उपाध्यक्ष व बुंदेलखंड प्रभारी शालिनी सिंह पटेल ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा है कि 28 जुलाई 2025 की शाम से ही उन्हें और उनके परिवार को सुनियोजित षड्यंत्र के तहत प्रताड़ित करने की कोशिश की जा रही थी। शाम पांच बजे से हीJDU कार्यालय के बाहर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया था। दो बिना नंबर की गाड़ियां तथा बिना वर्दी के करीब आधा दर्जन संदिग्ध लोग,जो अपने को पुलिसकर्मी बता रहे थे, कार्यालय के बाहर मौजूद थे। मध्य रात्रि लगभग 1 बजे करीब दो दर्जन पुलिसकर्मी जबरिया उनके घर में घुस आए। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने अभद्र व्यवहार करते हुए मोबाइल छीन कर वीडियो,फोटो डिलीट कराए, जबरन करते हुए गाड़ियों में बैठा लिया। घर में लगे CCTV का DVR उखाड़ ले गए सारे मोहल्ले के सबूत मिटाए और अलमारी से नकद रुपये, जेवर व अन्य सामान भी उठा ले गए कार्यालय मे तोड़ फोड़ किया गया । गाड़ी भी उठा ले गए उसमें भी जरूरी समान व कागजात रखे थे l जबरन अवैध हिरासत में लेकर उन्हें व अन्य अन्य कार्यकर्त्ताओं को अज्ञात स्थानों पर ले जाकर रातभर मध्य प्रदेश की पहाड़ियों में घुमाया गया l उन्होंने बताया कि मेरे खिलाफ मनगढ़ंत तरीके से एक रिक्शा चालक से तहरीर मंगाकर फर्जी SC-ST एक्ट के तहत उन पर पांच लाख रुपये लेने और दस लाख की रंगदारी मांगने का आरोप लगाकर जेल भेज दिया गया। यह सबसे हास्यास्पद है कि जिस रिक्शा चालक की खुद की गाड़ी किस्तों पर चल रही हो और जो दस रुपये की सवारी के लिए घंटों खड़ा रहता हो, उसके पास लाखों रुपये रंगदारी देने के लिए आए कहाँ से आ गए? और उसे यह पता कब चला कि उसकी पत्नी ने कथित तौर पर रंगदारी दे दी है।शालिनी पटेल ने आरोप लगाया कि कुछ प्रभावशाली लोगों के इशारे पर इस प्रकार का षड्यंत्र रचा जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह सब ओबीसी समाज,महिलाओं,किसानों की आवाज़ को दबाने की साजिश है l लेकिन वह हर हाल में न्याय और सच्चाई के लिए संघर्ष जारी रखेंगी। जो लोग JDU के खिलाफ लगातार खड्यंत्र कर रहे हैं उनको मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।